भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस, कानून-व्यवस्था और ऐतिहासिक फैसलों की चर्चा के बीच धामी को राष्ट्रीय सर्वे में दूसरा स्थान
भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस, कानून-व्यवस्था और ऐतिहासिक फैसलों की चर्चा के बीच धामी को राष्ट्रीय सर्वे में दूसरा स्थान

देहरादून। देवभूमि उत्तराखंड का गौरव एक बार फिर राष्ट्रीय पटल पर चमका है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी नेतृत्व क्षमता और कार्यशैली का दम दिखाते हुए देश के दूसरे सर्वश्रेष्ठ मुख्यमंत्री होने का गौरव हासिल किया है। प्रतिष्ठित फेम इंडिया मैगजीन और एशिया पोस्ट के संयुक्त सर्वेक्षण ‘बेस्ट चीफ मिनिस्टर सर्वे 2026’ के अंतिम परिणामों में मुख्यमंत्री धामी ने 1000 में से 881 अंक प्राप्त कर देशभर में दूसरा स्थान हासिल किया है। इस उपलब्धि ने उत्तराखंड की राजनीतिक और प्रशासनिक पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर नई मजबूती दी है।
सर्वेक्षण में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 897 अंकों के साथ पहले स्थान पर रहे, जबकि असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा 874 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहे। इस तरह धामी ने देश के कई बड़े राज्यों के मुख्यमंत्रियों को पीछे छोड़ते हुए शीर्ष दो में अपनी जगह बनाई है।
खास बात यह है कि मुख्यमंत्री धामी का मूल्यांकन केवल लोकप्रियता के आधार पर नहीं, बल्कि सुशासन, विधि-व्यवस्था, व्यक्तित्व, छवि, कार्यक्षमता, प्रभाव, विभागों की समझ, लोकप्रियता, दूरदर्शिता तथा कार्यशैली और परिणाम जैसे दस प्रमुख मानकों पर किया गया।
फेम इंडिया के अनुसार, करीब तीन से चार महीने तक चले इस सर्वेक्षण में तीन स्तरों पर आकलन किया गया। इसमें सोशल मीडिया और सामान्य मीडिया की जनधारणा, विभिन्न क्षेत्रों के प्रबुद्धजनों की राय और आम नागरिकों के अनुभवों को शामिल किया गया।
धामी सरकार के लिए यह उपलब्धि ऐसे समय में सामने आई है, जब उत्तराखंड में विकास, निवेश, रोजगार, समान नागरिक संहिता, नकल विरोधी कानून और प्रशासनिक सुधार जैसे मुद्दे राष्ट्रीय चर्चा का हिस्सा बने हुए हैं।
सीमित संसाधनों और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों वाले हिमालयी राज्य उत्तराखंड का नेतृत्व करने वाले धामी का राष्ट्रीय सर्वेक्षण में दूसरे स्थान पर पहुंचना निश्चित रूप से प्रदेश के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि है। देवभूमि का यह संदेश साफ है कि उत्तराखंड का नेतृत्व अब राष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी मजबूत पहचान बना रहा है।
